दक्षिणी साइबेरिया में आया 6.4 तीव्रता का भूकंप, राहत की खबर – कोई हताहत नहीं
दक्षिणी साइबेरिया में रूस के अल्ताई गणराज्य में शनिवार सुबह 6.4 तीव्रता का भूकंप आया। रूसी भूकंप विज्ञानियों के मुताबिक, भूकंप स्थानीय समयानुसार सुबह 8:48 बजे (0148 GMT) आया। पड़ोसी क्षेत्रों में भी झटके महसूस किए गए। क्षेत्रीय प्रमुख आंद्रेई तुर्चक ने बताया कि कोई हताहत नहीं हुआ है, लेकिन हाई-अलर्ट व्यवस्था शुरू की गई है। इलाके के सभी सार्वजनिक कार्यक्रम रद्द कर दिए गए हैं।
क्यों आता है भूकंप?
पृथ्वी के अंदर 7 प्लेट्स हैं, जो लगातार घूमती रहती हैं। जहां ये प्लेट्स ज्यादा टकराती हैं, वह जोन फॉल्ट लाइन कहलाता है। बार-बार टकराने से प्लेट्स के कोने मुड़ते हैं। जब ज्यादा दबाव बनता है तो प्लेट्स टूटने लगती हैं। नीचे की ऊर्जा बाहर आने का रास्ता खोजती हैं और डिस्टर्बेंस के बाद भूकंप आता है।
जानें क्या है भूंकप के केंद्र और तीव्रता का मतलब?
भूकंप का केंद्र उस स्थान को कहते हैं जिसके ठीक नीचे प्लेटों में हलचल से भूगर्भीय ऊर्जा निकलती है। इस स्थान पर भूकंप का कंपन ज्यादा होता है। कंपन की आवृत्ति ज्यों-ज्यों दूर होती जाती हैं, इसका प्रभाव कम होता जाता है। फिर भी यदि रिक्टर स्केल पर 7 या इससे अधिक की तीव्रता वाला भूकंप है तो आसपास के 40 किमी के दायरे में झटका तेज होता है। लेकिन यह इस बात पर भी निर्भर करता है कि भूकंपीय आवृत्ति ऊपर की तरफ है या दायरे में। यदि कंपन की आवृत्ति ऊपर को है तो कम क्षेत्र प्रभावित होगा।
कैसे मापा जाता है भूकंप की तिव्रता और क्या है मापने का पैमाना?
भूंकप की जांच रिक्टर स्केल से होती है। इसे रिक्टर मैग्नीट्यूड टेस्ट स्केल कहा जाता है। रिक्टर स्केल पर भूकंप को 1 से 9 तक के आधार पर मापा जाता है। भूकंप को इसके केंद्र यानी एपीसेंटर से मापा जाता है। भूकंप के दौरान धरती के भीतर से जो ऊर्जा निकलती है, उसकी तीव्रता को इससे मापा जाता है। इसी तीव्रता से भूकंप के झटके की भयावहता का अंदाजा होता है

“चार मई के बाद BJP सरकार तय” – पीएम मोदी का बंगाल में बयान
भोपाल एयरपोर्ट पर अलर्ट: एयर इंडिया विमान की इमरजेंसी लैंडिंग, जांच शुरू
पंजाब में ED की बड़ी कार्रवाई: 11 जगहों पर रेड, हरचरण सिंह भुल्लर केस में जांच तेज
दीपिका-रणवीर की बेटी ‘दुआ’ ने पहली बार देखा लाइव शो
समुद्र में सर्जिकल स्ट्राइक: अमेरिका ने ड्रग्स तस्करों की नाव उड़ाई, 3 ढेर