नमो भारत ट्रेन का संचालन होने की कवायद अब धरातल पर दिखने लगी है। 22 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मेरठ पहुंचकर नमो भारत और मेट्रो ट्रेन सेवा का विधिवत शुभारंभ करेंगे। मोहिउद्दीनपुर में प्रस्तावित रैली को लेकर जिला प्रशासन युद्धस्तर पर तैयारियों में जुटा है।स्थानीय निवासियों का मानना है कि जहां बेगमपुल और मोदीपुरम स्टेशनों पर अभी कार्य प्रगति पर है, वहीं शताब्दीनगर स्टेशन पूरी तरह बनकर तैयार नजर आ रहा है। यदि शताब्दीनगर स्टेशन से परिचालन शुरू होता है तो हापुड़ रोड और गढ़ रोड क्षेत्र की लाखों की आबादी को सीधा फायदा होगा। ये लोग बिजली बंबा बाईपास के रास्ते सीधे स्टेशन पहुंचकर अपनी यात्रा शुरू कर सकेंगे।

ट्रायल पूरा, अब संचालन का इंतजार

वर्तमान में नमो भारत का संचालन नई दिल्ली के न्यू अशोक नगर से मेरठ साउथ स्टेशन तक हो रहा है। पिछले साल फरवरी से ही शताब्दीनगर स्टेशन तक ट्रायल रन शुरू कर दिया गया था। यदि तभी से ट्रेन का विस्तार हो जाता तो यात्रियों के लिए दिल्ली जाना काफी पहले सुलभ हो जाता। बताया जा रहा है कि काम अधूरा था, इसलिए इसके संचालन में देरी हो रही है। मेरठ साउथ स्टेशन फिलहाल रैपिड कॉरिडोर का शहर में पहला मुख्य स्टेशन है जिसे एक ट्रांजिट हब के रूप में विकसित किया गया है। यहां न केवल शहरी बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। यात्रियों की भारी संख्या को देखते हुए यहां 1200 वाहनों की क्षमता वाली सबसे बड़ी पार्किंग बनाई गई है जबकि शताब्दीनगर स्टेशन पर भी 800 वाहनों के लिए पार्किंग तैयार की जा रही है।

स्टेशनों की स्थिति और कनेक्टिविटी

शताब्दीनगर स्टेशन पर यात्रियों की सुविधा के लिए सड़क के दोनों ओर दो प्रवेश-निकास द्वार बनाए गए हैं। इस छह किलोमीटर के अतिरिक्त खंड में शताब्दीनगर नमो भारत स्टेशन के अलावा परतापुर और रिठानी के दो मेट्रो स्टेशन भी शामिल होंगे। वहीं बेगमपुल अंडरग्राउंड स्टेशन का सिविल कार्य 100 फीसदी पूरा होने का दावा किया जा रहा है। पिछले साल 27 जून से सराय काले खां से मोदीपुरम तक के पूरे 82 किमी रेलखंड पर सफल ट्रायल रन शुरू हुआ था। फिलहाल नमो भारत और मेट्रो दोनों का ट्रायल चल रहा है। मेरठ साउथ तक तीन महीने के सफल ट्रायल के बाद 18 अगस्त 2024 से परिचालन शुरू हुआ था।
 
इन कॉलोनियों को होगा सबसे ज्यादा लाभ

पिछले साल 9 फरवरी से शताब्दीनगर तक ट्रायल रन शुरू होने के बावजूद व्यावसायिक परिचालन शुरू न होने से स्थानीय लोगों में बेसब्री है। लोगों का कहना है कि इसके शुरू होते ही शास्त्रीनगर, जागृति विहार, मंगल पांडे नगर, अजंता कॉलोनी, दामोदर कॉलोनी, प्रेमप्रयाग और जय भीम नगर के लोगों के लिए दिल्ली, गुरुग्राम, नोएडा और गाजियाबाद जैसे शहरों की दूरी सिमट जाएगी। बिजली बंबा बाईपास के जरिए शताब्दीनगर स्टेशन पहुंचकर लोग कम समय में अपने कार्यस्थलों तक पहुंच सकेंगे।