CBI की बड़ी कार्रवाई: 8 राज्यों में छापेमारी, बिल्डर-फाइनेंस गठजोड़ मामले में 77 ठिकानों पर रेड
नई दिल्ली: सीबीआई ने देश के आठ राज्यों के 77 ठिकानों पर मंगलवार को छापामारी की। यह बड़ा एक्शन कुछ बिल्डर्स और वित्तीय संस्थाओं के गठजोड़ के खिलाफ लिया गया है। आरोप है कि कई बिल्डर्स और वित्तीय संस्थाओं ने मिलकर घर खरीददारों की पूंजी से हेरफेर किया है। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सीबीआई ने 22 मामले दर्ज किए हैं और अब एक्शन शुरू किया है। सीबीआई ने जिन शहरों में रेड मारी है, उनमें दिल्ली, बंगलुरु, चेन्नई, पुड्डुचेरी शामिल हैं। यह मामला सुपरटेक लिमिटेड समेत कई बिल्डरों से जुड़ा है। इस केस में सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई को मामला सौंपा था। शीर्ष अदालत ने 29 अप्रैल, 2025 को एजेंसी से कहा था कि वह इस मामले में एनसीआर के आरोपी बिल्डरों के खिलाफ केस दर्ज करे और जांच शुरू की जाए। इसके बाद अदालत ने एजेंसी को आदेश दिया था कि वह ऐसे 22 मामलों में केस दर्ज करे, जिनमें होमबायर्स के साथ ठगी की शिकायत है।
इसके बाद बीते साल ही सितंबर में अदालत ने सीबीआई से कहा था कि वह छह केस और फाइल करे। इन केसों को बिल्डर्स और बैंकों के बीच गठजोड़ को लेकर दर्ज करने का आदेश दिया गया था। शिकायत थी कि बैंकों और बिल्डरों ने मिलकर फ्रॉड किया है। निवेशकों और घर खरीददारों की पूंजी की हेराफेरी की गई है। ये बिल्डर प्रोजेक्टर दिल्ली-एनसीआर, मोहाली, मुंबई, बंगलुरु, कोलकाता और प्रयागराज के बताए जा रहे हैं। सीबीआई से जुड़े सूत्रों का कहना है कि सर्च के दौरान कुछ दस्तावेज बरामद हुए हैं, जो सबूत के तौर पर अहम हो सकते हैं। इसके अलावा कुछ डिजिटल डिवाइस भी एजेंसी ने जब्त की हैं।
अब तक 50 केस दर्ज
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अब तक बिल्डरों के खिलाफ सीबीआई की ओर से करीब 50 केस दर्ज किए जा चुके हैं। पहले 28 दर्ज हुए थे और अब इन 22 मामलों में एजेंसी की जांच तेज है। इस तरह बिल्डरों और बैंकों के गठजोड़ के मामले में शीर्ष अदालत की निगरानी में एजेंसी की ओर से अभियान तेज है। गौरतलब है कि नोएडा समेत देश के तमाम शहरों में बिल्डरों की मनमानी के आरोप लगते रहे हैं। इसी के चलते रेरा जैसे कानून को अमल में लाया गया है।

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